Labour Ministry ek National Employment Policy lekar aane ki tayyari me hai
श्रम मंत्रालय जल्द लाएगा राष्ट्रीय रोजगार नीति (National Employment Policy)
भारत सरकार का श्रम एवं रोजगार मंत्रालय (Ministry of Labour and Employment) देश में रोजगार के अवसर बढ़ाने और श्रमिकों के हितों को मजबूत करने के उद्देश्य से एक नई राष्ट्रीय रोजगार नीति (National Employment Policy – NEP) लाने की तैयारी कर रहा है भारत।
🔹 राष्ट्रीय रोजगार नीति का उद्देश्यइस नीति का मुख्य लक्ष्य देश में स्थायी और गुणवत्तापूर्ण रोजगार सृजित करना है। इसके माध्यम से सरकार युवाओं, महिलाओं, और असंगठित क्षेत्र (unorganised sector) के कामगारों के लिए नए अवसर पैदा करना चाहती है।

🔹 नीति के प्रमुख बिंदु
1. नए रोजगार सृजन पर फोकस:
उद्योग, सेवा क्षेत्र और कृषि क्षेत्र में बड़े पैमाने पर रोजगार बढ़ाने के उपाय किए जाएंगे।
2. कौशल विकास (Skill Development):
युवाओं को बदलती तकनीक और उद्योग की जरूरतों के अनुसार प्रशिक्षण दिया जाएगा, ताकि वे बेहतर नौकरियों के योग्य बन सकें।
3. महिलाओं और युवाओं के लिए विशेष प्रावधान:
महिलाओं को कार्यबल में शामिल करने के लिए विशेष योजनाएं लाई जाएंगी, जैसे सुरक्षित कार्यस्थल और लचीले काम के विकल्प।
4. स्टार्टअप और MSME को प्रोत्साहन:
छोटे और मध्यम उद्योगों को अधिक रोजगार सृजन के लिए आर्थिक और नीतिगत सहयोग दिया जाएगा।
5. औपचारिक रोजगार (Formal Employment) को बढ़ावा:
सरकार चाहती है कि अधिक से अधिक कामगार संगठित क्षेत्र में आएं ताकि उन्हें सामाजिक सुरक्षा और लाभ मिल सकें।—
🔹 सरकार का उद्देश्यइस नीति का उद्देश्य भारत की अर्थव्यवस्था को रोजगार-प्रधान (employment-driven) बनाना है।
सरकार चाहती है कि आने वाले वर्षों में न केवल बेरोजगारी घटे बल्कि काम की गुणवत्ता भी बेहतर हो। यह नीति जल्द ही केंद्र सरकार द्वारा अंतिम रूप दिए जाने के बाद लागू की जाएगी। विशेषज्ञों का मानना है कि इससे भारत के श्रम बाजार में सकारात्मक परिवर्तन आएगा और युवाओं के लिए अधिक अवसर खुलेंगे।इसे “श्रमी शक्ति नीति 2025 (Shram Shakti Niti 2025)” कहा जाएगा।इस नीति का उद्देश्य देश में एक न्यायपूर्ण, समावेशी और भविष्य के लिए तैयार श्रम तंत्र (labour ecosystem) तैयार करना है। इसका लक्ष्य है —
1. देश के सभी श्रमिकों को सार्वभौमिक सामाजिक सुरक्षा (Universal Social Security) प्रदान करना,
2. कार्यस्थल पर सुरक्षा और स्वास्थ्य (Occupational Safety and Health) सुनिश्चित करना,
3. महिलाओं और युवाओं का सशक्तिकरण (Empowerment of Women and Youth) बढ़ाना,
4. नियमों और अनुपालन (Compliance) को सरल बनाना, Self
5. कार्यबल के औपचारिकीकरण (Formalisation of Workforce) को प्रोत्साहित करना।इस नीति के माध्यम से भारत सरकार एक ऐसा श्रम ढांचा विकसित करना चाहती है जो समान अवसर, सुरक्षा, और स्थायी रोजगार प्रदान करे, जिससे हर श्रमिक देश की आर्थिक प्रगति में सम्मानपूर्वक योगदान दे सके।

मंत्रालय जल्द लाएगा “राष्ट्रीय रोजगार नीति” — युवाओं के लिए बढ़ेंगे अवसर, कौशल विकास पर विशेष जोरनई दिल्ली, अक्टूबर 2025:
भारत सरकार का श्रम एवं रोजगार मंत्रालय (Ministry of Labour and Employment) देश में रोजगार सृजन और श्रमिकों के कल्याण को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से एक नई राष्ट्रीय रोजगार नीति (National Employment Policy – NEP) लाने की दिशा में तेजी से कार्य कर रहा है।यह नीति देश के आर्थिक और सामाजिक विकास की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम मानी जा रही है।—
🔹 नीति का उद्देश्यराष्ट्रीय रोजगार नीति का मुख्य लक्ष्य है —गुणवत्तापूर्ण और स्थायी रोजगार के अवसरों का सृजन करना,युवाओं, महिलाओं और असंगठित क्षेत्र के कामगारों को सशक्त बनाना,तथा भारत की कार्यबल (workforce) को बदलती आर्थिक परिस्थितियों के अनुरूप तैयार करना।—
🔹 मुख्य बिंदु
1. रोजगार सृजन पर बल:कृषि, विनिर्माण (manufacturing) और सेवा क्षेत्र (service sector) में बड़े पैमाने पर रोजगार बढ़ाने के उपाय किए जाएंगे।2. कौशल विकास और प्रशिक्षण:युवाओं को नई तकनीकों और उद्योग की आवश्यकताओं के अनुरूप प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा, ताकि वे आधुनिक अर्थव्यवस्था की मांगों को पूरा कर सकें।
3. महिला सशक्तिकरण:महिलाओं की कार्यक्षेत्र में भागीदारी बढ़ाने के लिए सुरक्षित और लचीले कार्य विकल्पों को प्रोत्साहित किया जाएगा।
4. स्टार्टअप और MSMEs को समर्थन:छोटे और मध्यम उद्योगों को रोजगार सृजन के लिए वित्तीय व नीतिगत सहायता दी जाएगी।
5. औपचारिक रोजगार को बढ़ावा:नीति का एक प्रमुख लक्ष्य असंगठित क्षेत्र के कामगारों को औपचारिक क्षेत्र में लाना है, ताकि उन्हें सामाजिक सुरक्षा, पेंशन और अन्य लाभ मिल सकें।
🔹 सरकार की दृष्टिसरकार का कहना है कि इस नीति के माध्यम से भारत को एक “रोजगार-प्रधान अर्थव्यवस्था” (Employment-Driven Economy) बनाया जाएगा, जिसमें युवाओं की ऊर्जा और प्रतिभा का पूर्ण उपयोग हो सके।मंत्रालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा।
राष्ट्रीय रोजगार नीति देश के युवाओं को न केवल रोजगार दिलाने में मदद करेगी, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर और कौशलयुक्त भी बनाएगी। इससे भारत की अर्थव्यवस्था में स्थिरता और समृद्धि दोनों आएंगी।
🔹 आगे की दिशानीति का मसौदा (draft) अंतिम चरण में है और इसे जल्द ही मंत्रिमंडल की मंजूरी के लिए पेश किया जाएगा। इसके बाद इसे राष्ट्रीय स्तर पर लागू किया जाएगा, जिससे आने वाले वर्षों में करोड़ों युवाओं को नए रोजगार अवसर प्राप्त होंगे।-
संपर्क करें:
श्रम एवं रोजगार मंत्रालय, भारत सरकारश्रम शक्ति भवन, रफी मार्ग, नई दिल्ली – 110001
📞 हेल्पलाइन: 1800-11-1234 |
🌐 www.labour.gov.in






