अमेरिका ने 75 देशों के इमिग्रेंट वीज़ा पर लगाई रोक

Last Updated: January 15, 2026

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अमेरिका ने 75 देशों के इमिग्रेंट वीज़ा पर लगाई रोक

ईरान, रूस, थाईलैंड समेत कई देश प्रभावित – जानिए पूरी जानकारी

अमेरिका ने एक बड़ा और विवादास्पद फैसला लेते हुए 75 देशों के नागरिकों के लिए इमिग्रेंट वीज़ा (स्थायी निवास) की प्रक्रिया अस्थायी रूप से रोक दी है। इस निर्णय के बाद दुनियाभर में चिंता और असमंजस का माहौल बन गया है, खासकर उन लोगों के बीच जो अमेरिका में स्थायी रूप से बसने की योजना बना रहे थे।

इमिग्रेंट वीज़ा क्या होता है।

इमिग्रेंट वीज़ा वह वीज़ा होता है जिसके ज़रिए कोई व्यक्ति अमेरिका में स्थायी रूप से रहने, काम करने और बाद में ग्रीन कार्ड पाने की दिशा में आगे बढ़ता है।यह टूरिस्ट, बिज़नेस या स्टूडेंट वीज़ा से अलग होता है, जो अस्थायी यात्रा के लिए दिए जाते हैं।

अमेरिका ने यह फैसला क्यों लिया।

अमेरिकी प्रशासन का कहना है कि यह कदम

• वीज़ा सिस्टम की गहन समीक्षा के लिए उठाया गया है।

• यह सुनिश्चित करने के लिए है कि नए प्रवासी भविष्य में।

• अमेरिकी सरकारी सहायता (Public Welfare) पर निर्भर न हों।

• इमिग्रेशन प्रक्रिया को ज़्यादा सख्त और सुरक्षित बनाने के उद्देश्य से लिया गया है।

सरकार के अनुसार, यह फैसला किसी एक देश को निशाना बनाने के लिए नहीं, बल्कि नीतिगत सुधार के तहत लिया गया है।

किन देशों पर पड़ेगा असर।

इस फैसले से एशिया, यूरोप, अफ्रीका और मध्य पूर्व के कई देश प्रभावित हुए हैं।प्रमुख प्रभावित देशों में शामिल हैं।

🇮🇷 ईरान

🇷🇺 रूस

🇹🇭 थाईलैंड

🇦🇫 अफगानिस्तान

🇳🇬 नाइजीरिया

🇪🇬 मिस्र

🇮🇶 इराक

🇾🇪 यमन

🇸🇴 सोमालिया

कुल मिलाकर 75 देश इस अस्थायी रोक की सूची में हैं।

यह रोक कब से लागू होगी।

• यह फैसला तुरंत/निकट भविष्य में लागू किया जा रहा है।

• रोक की कोई तय समय-सीमा घोषित नहीं की गई है।

• जब तक नई समीक्षा पूरी नहीं होती, तब तक यह प्रक्रिया रुकी रहेगी।

किन वीज़ा पर असर नहीं पड़ेगा।

अमेरिका ने साफ किया है कि यह रोक केवल इमिग्रेंट वीज़ा पर लागू होगी।

❌ इन पर असर नहीं:

• टूरिस्ट वीज़ा (B1/B2)

• स्टूडेंट वीज़ा (F/M)

• बिज़नेस और ट्रांजिट वीज़ा।

यानी जो लोग घूमने, पढ़ाई या अस्थायी काम के लिए अमेरिका जाना चाहते हैं, वे फिलहाल इस फैसले से प्रभावित नहीं होंगे।

दुनिया में क्यों बढ़ी चिंता।

इस फैसले से:

• लाखों परिवारों का पुनर्मिलन टल सकता है।

• स्थायी नौकरी या बसने की योजना अधर में लटक सकती है।

• कई देशों ने इसे कठोर और भेदभावपूर्ण नीति बताया है।

मानवाधिकार संगठनों का कहना है कि इससे कमजोर देशों के नागरिक सबसे ज्यादा प्रभावित होंगे।

अमेरिका का आधिकारिक पक्ष

अमेरिकी अधिकारियों के मुताबिक:

• यह फैसला अस्थायी है।

• उद्देश्य इमिग्रेशन सिस्टम को बेहतर और टिकाऊ बनाना है।

• भविष्य में नियमों में बदलाव संभव है।

सरकार का कहना है कि समीक्षा पूरी होने के बाद नई गाइडलाइंस जारी की जाएंगी।

निष्कर्ष

अमेरिका द्वारा 75 देशों के लिए इमिग्रेंट वीज़ा पर लगाई गई रोक वैश्विक स्तर पर बड़ा असर डालने वाला फैसला है।

हालांकि इसे नीतिगत सुधार बताया जा रहा है, लेकिन इससे लाखों लोगों की योजनाएं प्रभावित हो सकती हैं।

आने वाले समय में यह देखना अहम होगा कि अमेरिका इस नीति को।

➡️ कितने समय तक लागू रखता है।

➡️ और इसमें क्या बदलाव करता है।

📌 Disclaimer

यह लेख केवल सूचना देने के उद्देश्य से लिखा गया है। इसमें दी गई जानकारी सार्वजनिक नीतिगत बयानों और सामान्य विश्लेषण पर आधारित है। किसी भी आधिकारिक बदलाव के लिए संबंधित दूतावास या सरकारी सूचना देखें।