Cockroach Janta Party के संस्थापक अभिजीत दीपके को सोशल मीडिया पर जातिगत ट्रोलिंग का सामना

Last Updated: May 23, 2026

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Cockroach Janta Party के संस्थापक अभिजीत दीपके को सोशल मीडिया पर जातिगत ट्रोलिंग का सामना

हाल के दिनों में सोशल मीडिया पर “Cockroach Janta Party” नाम काफी तेजी से चर्चा में आया है। यह एक व्यंग्यात्मक और युवा-केंद्रित ऑनलाइन आंदोलन माना जा रहा है, जिसने बेरोजगारी, शिक्षा, राजनीति और युवाओं की समस्याओं को अलग अंदाज में उठाया। लेकिन अब इसके संस्थापक अभिजीत दीपके को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जातिगत टिप्पणियों और ट्रोलिंग का सामना करना पड़ रहा है।

क्या है Cockroach Janta Party?

Cockroach Janta Party, जिसे संक्षेप में CJP भी कहा जा रहा है, इंटरनेट पर शुरू हुआ एक ऐसा अभियान है जो मौजूदा सामाजिक और राजनीतिक मुद्दों पर व्यंग्य के जरिए लोगों का ध्यान खींच रहा है। इस अभियान में मीम्स, वीडियो, पोस्ट और मजेदार स्लोगन का इस्तेमाल किया जा रहा है।

युवाओं के बीच यह आंदोलन इसलिए लोकप्रिय हो रहा है क्योंकि इसमें बेरोजगारी, परीक्षा व्यवस्था, महंगाई और राजनीतिक वादों जैसे मुद्दों को सरल और मजेदार तरीके से दिखाया जा रहा है।

कौन हैं अभिजीत दीपके?

अभिजीत दीपके महाराष्ट्र से जुड़े एक सोशल मीडिया रणनीतिकार और डिजिटल कैंपेनर बताए जाते हैं। वे लंबे समय से ऑनलाइन कैंपेन और युवाओं से जुड़े मुद्दों पर काम करते रहे हैं। Cockroach Janta Party को सोशल मीडिया पर लोकप्रिय बनाने में उनकी बड़ी भूमिका मानी जा रही है।

विवाद कैसे शुरू हुआ?

सोशल मीडिया पर एक पोस्ट के दौरान अभिजीत दीपके ने अपनी दलित पहचान का जिक्र किया। इसके बाद कुछ लोगों ने उनके खिलाफ जातिसूचक टिप्पणियां करनी शुरू कर दीं। कई पोस्ट्स में उनकी जाति को लेकर अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल किया गया।

इस घटना के बाद सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई कि ऑनलाइन प्लेटफॉर्म पर जातिगत नफरत और ट्रोलिंग किस हद तक बढ़ चुकी है।

लोगों ने किया समर्थन

जहां कुछ लोगों ने ट्रोलिंग की, वहीं बड़ी संख्या में यूजर्स अभिजीत दीपके के समर्थन में भी सामने आए। कई लोगों ने कहा कि किसी भी व्यक्ति को उसकी जाति के आधार पर निशाना बनाना गलत है और सोशल मीडिया पर सम्मानजनक व्यवहार जरूरी है।

कुछ सामाजिक कार्यकर्ताओं और युवाओं ने भी इस घटना को ऑनलाइन भेदभाव का उदाहरण बताया।

सोशल मीडिया पर तेजी से बढ़ी लोकप्रियता

Cockroach Janta Party ने कम समय में बड़ी संख्या में फॉलोअर्स जुटाए हैं। इसके पोस्ट और वीडियो खासकर युवाओं के बीच वायरल हो रहे हैं। कई लोग इसे युवाओं की नाराजगी और मौजूदा व्यवस्था के खिलाफ एक प्रतीक के रूप में देख रहे हैं।

ऑनलाइन ट्रोलिंग बना बड़ा मुद्दा

यह मामला एक बार फिर दिखाता है कि सोशल मीडिया पर किसी भी व्यक्ति को उसकी पहचान, जाति या विचारों के कारण निशाना बनाया जा सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि इंटरनेट पर बढ़ती नफरत और व्यक्तिगत हमले समाज के लिए चिंता का विषय हैं।

निष्कर्ष

Cockroach Janta Party की लोकप्रियता लगातार बढ़ रही है, लेकिन इसके साथ विवाद भी जुड़े हुए हैं। अभिजीत दीपके के खिलाफ हुई जातिगत ट्रोलिंग ने ऑनलाइन भेदभाव और सोशल मीडिया की जिम्मेदारी पर नई बहस शुरू कर दी है। आने वाले समय में यह आंदोलन और इससे जुड़े मुद्दे चर्चा का बड़ा विषय बने रह सकते हैं।